2022 चुनावों से पहले प्रो. रामगोपाल यादव गिले-शिकवे भुलाकर मंगलवार को शिवपाल यादव के घर जाएंगे। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव के भी पहुंचने की बात कही जा रही है।
इससे पहले अखिलेश यादव ने शिवपाल यादव की प्रसपा से गठबंधन किया था। बताते चलें कि 2016 में शिवपाल यादव की नाराजगी सबसे ज्यादा अपने चचेरे भाई प्रो. रामगोपाल यादव से ही थी। नाराजगी इतनी बढ़ी कि 2019 में शिवपाल उनके बेटे अक्षय यादव को हराने के लिए फिरोजाबाद लोकसभा से चुनाव लड़ गए। जहां वह खुद तो नहीं जीत सके, लेकिन भतीजे अक्षय को भी नहीं जीतने दिया।
